Thursday, February 11, 2021

पुस्तक विमोचन संपन्न

डिब्रूगढ़ में पुस्तक विमोचन समारोह सम्पन्न 

डिब्रूगढ़ के जाने माने साहित्यकारों डॉ महेश कुमार जैन ' अमृत ' एवं बजरंग तोदी ' स्वर्ण ' की पहली पुस्तकों क्रमशः " कविता की मुस्कान " एवं  " तिनका तिनका " के विमोचन समारोह का आयोजन हॉल ही में शहर के मारवाड़ी पट्टी चाराली स्थित होटल राजवास के सभागार में किया गया ! कार्यक्रम की शुरुआत कार्यक्रम के मुख्य अतिथियों क्रमशः डिब्रूगढ़ के जाने माने चाय उधोगपति एवं साहित्यकार देवी प्रसाद बागडोदिया , शहर के जाने माने चिकित्सक एवं साहित्यकार डॉ नारायण उपाध्याय एवं अर्चना पांडेय ( हिंददेश की संस्थापक ) सहित डॉ महेश कुमार जैन एवं बजरंग तोदी को मंचासीन करवाकर हुई ! मंचासीन सभी मुख्य अतिथियों का स्वागत सम्मान किया गया , कार्यक्रम की शुरुआत में तिनसुकिया से पधारी कवियत्री रितु गोयल ' सरगम ' द्वारा गणेश एवं सरस्वती वंदना एवं राधेश्याम ढंढ द्वारा मंगलाचरण प्रस्तुत किया गया ! 
ऊपरी असम की चाय नगरी डिब्रूगढ़ में जाने-माने साहित्यकारों, लेखकों, कवियों, शिक्षाविदों, और गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति में दो अलग-अलग स्वरचित कविता पुस्तक का विमोचन समारोह भव्य रुप में आयोजित किया गया। मालूम हो कि मध्य वित्तीय परिवार के मेधावी तथा डिब्रू कॉलेज के प्राध्यापक तथा शिक्षाविद कवि डॉ महेश कुमार जैन ने शिक्षा जगत में अपना परचम लहरा कर कविता लेखन कार्य में भी परचम लहरा दिया है इस कड़ी में उनकी स्वरचित पुस्तक  "कविता की मुस्कान" का विमोचन जाने-माने साहित्यकार देवी प्रसाद बागडोदिया ने किया जबकि बजरंग तोदी की स्वरचित कविता पुस्तक "तिनका तिनका" का विमोचन जाने माने लेखक चिकित्सक डॉ नारायण उपाध्याय ने किया , इस मौके पर विमोचन कर्ताओं ने संबोधित करते हुए कवियों की हौसला अफजाई करते हुए उन्होंने कहा यह कविता पुस्तक पाठकों में अपनी जगह बना सकेगी तथा इनमें प्रकट किए गए भाव समाज में सभी को लाभान्वित करेंगे  उन्होंने मौके पर कवियों को प्रोत्साहित किया और आने वाली पीढ़ी को कविता पुस्तक में अधिक रुझान भरने की सलाह भी दी ! कार्यक्रम के दौरान डिब्रू महाविधालय के डॉ महेश जैन के सह शिक्षकों द्वारा उनका सम्मान किया गया , वंही मारवाड़ी सम्मेलन , डिब्रूगढ़ एवं लुइतपोरिया स्वर्ण शाखा साहित्य सभा , स्माइल एनजीओ , सिल्का लय परिवार द्वारा भी डॉ महेश जैन एवं बजरंग तोदी को सम्मानित किया गया ! कार्यक्रम के दौरान डिब्रूगढ़ के कवि प्रदीप मारोदिया द्वारा उनकी स्वरचित कविता " असत्य की नाव पर सच खोजने मैं चला " , युवा कवयित्री मुस्कान वर्मा द्वारा " स्वाभिमान ही मेरा गहना " , अर्चना पांडेय द्वारा देश प्रेम , देश भक्ति से ओत प्रोत कविता एवं पुष्पा बुकलसरिया द्वारा भी काव्य पाठ किया गया , इन सभी कवि कवयित्रियों ने अपनी कविताओं के जरिये उपस्थित सभी की वाह वाही भी बटोरी ! 
कार्यक्रम में तिनसुकिया से पधारी सुजाता खेतान अग्रवाल , डिब्रु महाविद्यालय के हिंदी विभाग के अध्यापक समीर झा एवं सुरेश अग्रवाल ( शांतिपाड़ा ) ने भी अपना सम्बोधन रखा ! 
डॉ महेश जैन एवं बजरंग तोदी ने भी अपनी स्वरचित कविताओं का पाठ किया !
अपने सम्बोधन में डॉ महेश जैन ने कहा कि 
एक फलदार वृक्ष , हमेशा फलों से लदा रहता है , एवं झुका रहता है , पर एक बांस का पेड़ लम्बा चौड़ा होकर भी सीधा तन कर खड़ा रहता है , कोई फल भी नही देता , इसलिये हमें उस फलदार वृक्ष की तरह बनना चाहिये !
एक पतंग चाहे कितनी ही देर हवा में उड़े  पर उसे निचे जमीन पर उतरना ही पड़ता है ! इसलिये इंसान को कभी अहम नही करना चाहिये ! उन्होंने बताया कि मैंने और बजरंग तोदी ने लॉक डाउन का सदुपयोग किया , जिसका नतीजा आज हमारी स्वरचित पुस्तकें आपके सामने विमोचन के लिये तैयार है ! अपने सम्बोधन में बजरंग तोदी ने कविता लेखन में उनको प्रोत्साहित करने के लिये युवा पत्रकार सन्दीप अग्रवाल का भी आभार व्यक्त किया !
ज्ञात हो कि इन दोनों पुस्तकों " कविता की मुस्कान " एवं " तिनका तिनका " का सम्पादन तिनसुकिया की कवयित्री अर्चना पांडेय ' अर्चि ' ने किया है ! 
कार्यक्रम का सफल संचालन लुइतपोरिया स्वर्ण शाखा साहित्य सभा की सह सचिव एवं डिब्रु महाविद्यालय की शिक्षिका श्रीमती वर्षा अग्रवाल ( जालान ) ने किया एवं धन्यवाद यापन बहुत ही खूबसूरत अंदाज़ में राजकुमार अग्रवाल ने किया ! कार्यक्रम में डॉ महेश जैन एवं बजरंग तोदी के चिर परिचित , परिवारजन सहित साहित्यिक ग्रुप " काव्य सुधा मंच " के सदस्य भी उपस्थित थे !

108 घण्टे चली देवी की आराधना

*हिंद देश परिवार का 108 घंटे देवी दुर्गा को समर्पित वर्चुअल कार्यक्रम* *देश विदेश के रचनाकारों ने देवी मां के साथ घर की मां की पूजा का किया ...