*स्वर्ग से सुंदर देश हमारा*
देश बहुत है इस धरती पर
पर भारतभूमि है सबसे प्यारी
स्वर्ग से प्यारी भारतभूमि हमारी
इस पुण्यभूमि पर मिला जन्म
सच ये बात नहीं कोई आम है
इस पावन मिट्टी को अर्चि का
झुकाकर सर बारंबार प्रणाम है
एकता में है छुपी शक्ति हमारी
देश बहुत......
आओ विश्व को लाभांवित करे
अपने प्रेम से ओतप्रोत संदेशों से
पूरे विश्व का कल्याण करें हम
अपने सुंदर- सुखद उपदेशों से
प्रेम से दुनिया को फतह करने की
भारतवर्ष की है अद्वितीय तैयारी
देश बहुत.........
दुनिया सुंदर कैसे बन सकती
तोप -तलवारों और हथियारों से
सुंदर बनेगी यह सुंदर व्यवहारों से
पूरी सृष्टि गूंजेगी प्रेम के नारों से
प्रेम से ही सृजित है दुनिया सारी
देश बहुत....
आओ हाथ मिलाकर बाँटे प्यार
सुंदर - खुशहाल बनाएँ संसार
आसमान -धरती में छाए बहार
हर दिन को मनाएँ जैसे त्योहार
जहाँ प्रेम हो सब की लाचारी
देश बहुत.....
*अर्चना पांडेय अर्चि*
*तिनसुकिया, असम*